कुलदेवी आद्य महालक्ष्मी आर्शीवाद यात्रा का नगर में पहुँचने पर भव्य स्वागत

गौरव जैन (बंटी)/सनसनी सुराग न्यूज शामली

कांधला
हिसार के अग्रोहा में 100 करोड रूपए की लगात से बन रहे कुलदेवी आद्य महालक्ष्मी के मंदिर के लिए कुलदेवी आद्य महालक्ष्मी आशीर्वाद यात्रा का नगर में पहुंचने पर भव्य स्वागत किया गया। इस दौरान वैश्य समाज के सैकडों लोग मौजूद रहे।

 

 

 

 

 

गुरूवार को नगर के वैष्णों देवी मंदिर पर हरियाणा राज्य के हिसार से पहुंची कुलदेवी आद्य महालक्ष्मी आशीर्वाद यात्रा का भव्य स्वगात किया गया। जिसके बाद आर्शीवाद यात्रा नगर के मुख्य मार्गों से होते हुए बडौत के लिए प्रस्थान कर गई। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के आर्शीवाद यात्रा के संयोजक प्रमोद मित्तल ने बताया कि गांव अग्रोहा का इतिहास महाभारत काल से रहा है। महाराजा अग्रसेन ने इस गांव को बसाया था। अग्रोहा धाम का निर्माण 1976 से प्रारंभ किया गया जो आज भी जारी है। अग्रोहा धाम को तीन भागों में बांटा गया है बीच वाला भाग मां लक्ष्मी व पूर्वी हिस्सा महाराजा अग्रसेन व पश्चिमी हिस्सा मां सरस्वती को समर्पित है। मंदिर के पिछले हिस्से में बारह ज्योर्तिलिंग से बना रामेश्वर धाम बना है। मंदिर के बीच में सरोवर का निर्माण किया गया है, जिसको 41 पवित्र नदियों के जल के साथ पावन किया गया है। वैसे तो हर रोज ही धाम में पर्यटकों का जमावड़ा लगा रहता है, लेकिन शरद पूर्णिमा के अवसर पर हर साल अग्रोहा धाम में मेला लगता है, जिसमें देशभर से लाखों पर्यटक धाम को देखने आते है। संयोजक अशोक बंसल ने बताया कि अग्रोहा धाम में देश के सबसे बड़ा माता कुलदेवी महालक्ष्मी का शक्तिपीठ है। जिसमें देश के हर नागरिकों की आस्था जुड़ी हुई है।

 

 

 

महाराजा अग्रसेन ने कुलदेवी माता लक्ष्मी की पूजा-अर्चना व कठोर तपस्या करने पर माता लक्ष्मी ने महाराजा अग्रसेन जी को वरदान दिया था कि आपके कुल में सदा ही मेरा वास रहेगा। माता लक्ष्मी के आशीर्वाद से और महाराजा अग्रसेन जी के आदर्शों पर चलकर वैश्य समाज सामाजिक व धार्मिक कार्यों में बढ़ चढ़कर हिस्सा लेकर राष्ट्र व जनता की सेवा कर रहा है। देश में जगह-जगह मेडिकल कॉलेज, स्कूल, अस्पताल, धर्मशाला, मंदिर, गौशाला, प्याऊ आदि बनाकर धार्मिक कार्यों में जुटा हुआ है।

 

 

 

तरूण अग्रवाल ने बताया कि उक्त मंदिर 100 करोड रूपए की लागत से बन रहा है तथा आर्शीवाद यात्रा का मुख्य उद्देश्य समाज को जागरूक करना है। जिससे मंदिर निर्माण में सभी की सहभागिता हो सकें। 01 दिसम्बर को अग्रोहा से 11 रथों के माध्यम से आर्शीवाद यात्रा का शुभारंभ किया गया है। जो देश भर में भ्रमण करेगें। उक्त यात्रा 20 दिसम्बर तक देश भर में जायेगी।

 

 

 

 

शोभायात्रा का स्वागत करने वालों में विष्णु प्रकाश अग्रवाल, ईश्वर दयाल कंसल, शरद मित्तल, तरूण अग्रवाल, मेहर चंद सिंघल, पवन कंसल, नीरज गुप्ता, विपुल कंसल, क्षितिज मित्तल, राजीव शर्मा, प्रवीण शर्मा,विरेन्द्र जैन, नवीन मलिक, संजय मित्तल, लोकेश गोयल, मनीष गोयल, सौम्य स्वरूप अग्रवाल, पंकज गर्ग, अमित गर्ग, अमन मित्तल, रवि जैन, कमल चावला, रवि नामदेव, राजेन्द्र वर्मा सभासद, डॉ0 रणवीर सिंह वर्मा, गुणपाल जैन,संजय मित्तल,सुधांशु मित्तल के साथ सैकडों लोग मौजूद रहे।