श्री कृष्ण जन्माष्टमी उत्सव (दिव्य ज्योति जाग्रति संसथान )

श्री कृष्ण जन्माष्टमी उत्सव (दिव्य ज्योति जाग्रति संसथान )

- in Saharanpur, Uttar Pradesh
273
0
सतीश सेठी /ब्यूरो चीफ सहारनपुर /सनसनीसुराग न्यूज़
श्री कृष्ण जन्माष्टमी उत्सव (दिव्य ज्योति जाग्रति संसथान )
सहारनपुर दिव्य ज्योति जाग्रति संसथान द्वारा श्री कृष्ण जन्माष्टमी महो त्सव पंत विहार स्थित आश्रम में आयोजित किया गया !जिसमे श्री आशुतोष महाराज जी की साध्वी शिष्याओं ने प्रभु श्री कृष्ण के व्यक्तितव के गूढ़ आधियात्मिक रह्यास्यो को उजागर किया !

उन्होंने बताया की पर्व वह है जो हमें सत्य से जोड़कर साल दर साल ाधियात्मिक उनंति प्रदान करे !पर्व केवल उत्सव वह मेला कदापि नहीं हो सकता !पर्व सब्द का अर्थ है गांठ या सीढ़ी !जो हमारा सम्बन्ध प्रभु से स्थापित करे !ढृढ़ करे वह अध्यातिमिक उननति की सीढ़ी पर अग्रसर करते हुए प्रभु से एकमिक करे वही पर्व है !

साध्वी सुश्री सिद्धेश्वरी भारती ने कहा की श्री कृष्ण एक ऐसा आलोकिक वेकितित्व है जिसे किसी एक परिभाषा से चिचित्र नहीं किया जा सकता !श्री कृष्ण का वेकितित्व एक संगम था जहाँ समस्त गुण धाराएं आ मिली थी !वह एक बहुआयेमिये चरित्र थे !महृषि व्यास जी ने कहा कृष्णास्तु भगवान स्वमं “श्री कृष्ण पूर्ण भगवान है !१६ कलाओ से युक्त अवतार है सचिदानंद स्वरूप ब्रह्म है !

उन्होंने अपने प्रवचनों के माध्यम से भगवान् श्री कृष्ण की अनेक दिव्य लीलाओ का वर्णन किया !साथ ही साथ उनमे निहित गूढ़ रहस्यो का उद्धघाटन किया !बताया की भगवान् कृष्ण की माखन चुराकर खाने की लीला यह संकेत कर रही है की यह संसार देवतातमक है !इसमें माखन रुपी सार एवं छाछ रुपी आसार दोनों ही विधमान है !

माखन चुराकर प्रभु यही समझा रहे है की संसार मे परम सार तत्व अथार्थ ईश्वर का वर्णन करो !सारहीन माया का नहीं !उन्होंने कहा की श्री कृष्ण लीलाये बुद्धि वह तर्क का विषय नहीं अपितु दर्शन प्रेम वह भक्ति का विषय है !कृष्ण तत्व को जाने हेतु चरम चक्षु की नहीं दिव्य चक्षु की आवश्यकता है और दिव्य चक्षु का खुल जाना ही ब्रह्म ज्ञान है !

ब्रह्म ज्ञान एक मात्र कुंजी है भगवान् कृष्ण को समझने के लिए इसलिए पूर्ण गुरु द्वारा दीक्षित होकर श्री कृष्ण तत्व का अंत बोध करे !

कार्येकर्म के अंतर्गत श्री गुरु आशुतोष महाराज जी के द्वारा दीक्षित स्कूल के छात्र छात्राओं द्वारा श्री कृष्ण लीलाओं का संगीत और नृत्ये के माध्यम से सम्पूर्ण मंचन किया गया !इस कार्यकर्म में साध्वी शिष्यों द्वारा भजन सकीर्तन का आयोजन किया गया ! अंत में प्रभु की आरती एवं माखन मिश्री का प्रशाद वितरण किया गया !

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may also like

नगर एवं क्षेत्र के विधालयो में सैकड़ो बच्चो को रूबेला टीकाकरण किया गया

सतीश सेठी /ब्यूरो चीफ /सहारनपुर /सनसनीसुराग न्यूज़ नगर